News

गैलरी के टिकट मिलने से भड़के शिक्षा मंत्री विजय शाह



इंदौर. होलकर स्टेडियम में किंग्स इलेवन पंजाब और रॉयल चैलेंजर बेंगुलूरु का मैच देखने पहुंचे शिक्षा मंत्री विजय शाह तवज्जो नहीं मिलने से बुरी तरह भड़क गए। परिवार सहित भोपाल से मैच देखने आए मंत्री को आयोजकों ने गैलरी के टिकट दिए थे।

उन्होंने कुछ देर वहां मैच देखा, लेकिन जब अफसरों को बच्चों सहित बेहतर जगह से मैच देखते पाया तो पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया। सुरक्षकर्मियों से विवाद की बात भी सामने आई है। वह बाहर निकल आए और महापौर से पूछताछ की। जब महापौर ने गैलरी के ही टिकट मिलने की बात कही तो वे और गुस्सा हो गए।

इसी बीच उनकी नजर विवेकानंद स्कूल में बने गेट, मैच के लिए की पार्किंग पर पड़ी। उन्होंने तत्काल आयोजकों को बुलाया। पूछा, आखिर किसकी अनुमति से स्कूल पर कब्जा किया गया है। आयोजक जवाब नहीं दे पाए तो उन्होंने मंगलवार को बैठक करने का फरमान सुना दिया। संभागायुक्त राघवेंद्र सिंह, डीआईजी हरिनारायणचारी मिश्र ने मनाने की कोशिश की, लेकिन शाह नहीं रुके।

मंत्री के साथ विवाद की जानकारी नहीं है। मैच के दौरान सभी पदाधिकारी एक साथ ऑफिस में बैठकर टीवी पर मैच देख रहे थे। मैच के दौरान सुरक्षा एवं टिकिट चैकिंग सहित अन्य व्यवस्थाएं किंग्स


इलेवन फ्रेंचाइजी और पुलिस की होती है। एमपीसीए का इसमें कोई हस्तक्षेप नहीं होता।
मिलिंद कनमड़ीकर सचिव, एमपीसीए

मैच के दौरान मैं और महेंद्र सेठिया विवेकानंद गेट से स्टेडियम में प्रवेश कर रहे थे तब मंत्री विजय शाह नाराज होकर बाहर जाते मिले। वे जिला प्रशासन और पुलिस अफसरों से नाराज थे। मैंने इसकी जानकारी एसपी पूर्व को दी थी।
- संजय जगदाले, पूर्व अध्यक्ष, एमपीसीए

मंत्री बोले- मुझे गैलरी के टिकट भेजे
मैंने महापौर मालिनी गौड़ से फोन पर पूछा, आपके पास कहां के टिकट हंै। मुझे तो चार गैलरी के टिकट भेजे हैं। महापौर बोलीं, हमारे यहां भी गैलरी के ही टिकट भेजे हैं। वैसे भी मैच में मेरी रुचि नहीं है। इसके बाद भी मैं एेसे ही स्टेडियम पहुंच गया। विवेकानंद स्कूल से स्टेडियम पहुंचा।

वहां गैलरी से कुछ देर मैच देखा, इसी बीच मेरी नजर पैवेलियन व बॉक्स पर गई तो देखा, अफसर बच्चों सहित आनंद ले रहे थे। मैं उठ कर बाहर आ गया। बाहर आकर देखा तो स्कूल जमीन पर गेट बना हुआ है, स्कूल के मैदान पर कब्जा कर पार्किंग बना रखी है। इस पर मैंने वहां मौजूद आयोजकों से पूछातछ की तो वे जवाब नहीं दे पाए।

मैं देखता हूं कैसे कराते हैं मैच
बताते हैं मंत्री वीआईपी लाउंज में थे। वहां सुरक्षाकर्मियों ने उनसे पास मांग लिया। पास नहीं मिला तो उन्हें बाहर जाने को कह दिया। नाराज शाह ने कलेक्टर को फोन लगाया, लेकिन उन्होंने उठाया नहीं। एमपीसीए के पूर्व अध्यक्ष संजय जगदाले और महेंद्र सेठिया से शाह ने कहा, क्या लगा रखा है?

तहसीलदार के परिवार वाले वीआईपी लाउंज में मजे मार रहे हैं और मुझसे पास पूछा जा रहा है। प्रोटोकॉल में अफसर नहीं है। क्या व्यवस्था है। मैं स्टेडियम से जुड़ा विवेकानंद स्कूल का गेट बंद करा दूंगा.. देखता हूं अब कैसे मैच होते हैं यहां पर...।





RECENT POSTS

POPULAR POSTS

HOT POSTS

Related Post

Leave a Response

You need to Login to post comment

Comments